उत्तराखंड में PCS और लोअर PCS भर्ती में देरी पर शासन सख्त, 1 अप्रैल को सचिवालय में सभी विभागों की अहम बैठक

देहरादून। उत्तराखंड में पीसीएस और लोअर पीसीएस भर्ती परीक्षाओं के लंबे समय से लटके होने के मामले में अब शासन ने सख्त रुख अपना लिया है। भर्ती प्रक्रिया में हो रही देरी और विभागों की ओर से रिक्त पदों की जानकारी न दिए जाने को लेकर कार्मिक विभाग ने एक अप्रैल को सचिवालय में सभी विभागों की महत्वपूर्ण बैठक बुलाई है।

दरअसल, 25 मार्च को प्रकाशित खबर “कैसे होगी पीसीएस भर्ती, विभाग रिक्त पद बताने को ही नहीं तैयार” के माध्यम से इस वर्ष अभी तक पीसीएस और लोअर पीसीएस भर्ती के लिए राज्य लोक सेवा आयोग को अधियाचन न भेजे जाने का मामला सामने आया था। खबर में बताया गया था कि आयोग ने पहले जारी किए गए परीक्षा कैलेंडर में इन दोनों भर्तियों को शामिल किया था, लेकिन विभागों से अधियाचन न मिलने के कारण संशोधित कैलेंडर से इन्हें हटाना पड़ा।

खबर में यह भी उजागर किया गया था कि शासन की ओर से कई बार पत्र भेजने के बावजूद कई विभाग रिक्त पदों का विवरण देने में देरी कर रहे हैं। इस स्थिति के कारण भर्ती प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पा रही थी, जिससे अभ्यर्थियों में भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है।

मामले के सामने आने के बाद अब कार्मिक विभाग सक्रिय हो गया है। सचिव कार्मिक की ओर से एक अप्रैल को सचिवालय में बैठक बुलाई गई है, जिसमें सभी विभागों के अधिकारियों को अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं।

जारी पत्र में स्पष्ट कहा गया है कि सभी विभागों को अपने-अपने विभागों में मौजूद रिक्त पदों के अधियाचन, रोस्टर और अन्य आवश्यक अभिलेखों के साथ बैठक में शामिल होना होगा। जिन विभागों में फिलहाल रिक्त पद नहीं हैं, उन्हें भी इसकी जानकारी देने के लिए बैठक में उपस्थित रहना अनिवार्य होगा।

सरकार का मानना है कि विभागों से पूरी जानकारी मिलने के बाद ही पीसीएस और लोअर पीसीएस भर्ती की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सकेगा। ऐसे में यह बैठक भर्ती प्रक्रिया को गति देने के लिहाज से काफी अहम मानी जा रही है।

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