टिहरी झील महोत्सव 2026 का भव्य आगाज, मुख्यमंत्री धामी ने किया शुभारंभ; पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा

उत्तराखंड के टिहरी जनपद में चार दिवसीय टिहरी झील महोत्सव का भव्य आगाज हो गया है। कोटी कॉलोनी में आयोजित इस महोत्सव का शुभारंभ मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया। 6 से 9 मार्च तक चलने वाला यह लेक फेस्टिवल टिहरी झील क्षेत्र में पर्यटन को नई ऊंचाई देने के साथ ही स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा करेगा।

महोत्सव के उद्घाटन अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि टिहरी झील महोत्सव का उद्देश्य टिहरी जिले को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में स्थापित करना है। इसके लिए राज्य सरकार लगातार प्रयास कर रही है।

इस आयोजन को सफल बनाने के लिए उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद और जिला प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की हैं। चार दिनों तक चलने वाले इस महोत्सव में रोमांचक साहसिक गतिविधियों के साथ-साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी भरपूर झलक देखने को मिलेगी।

साहसिक खेलों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम

टिहरी झील महोत्सव के दौरान पर्यटकों और प्रतिभागियों के लिए कई साहसिक गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इनमें ट्रैकिंग, माउंटेन बाइकिंग, रॉक क्लाइंबिंग और राफ्टिंग जैसी एडवेंचर स्पोर्ट्स शामिल हैं। इसके साथ ही स्थानीय संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।

महोत्सव में मास्टर शेफ प्रतियोगिता, लोक संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए फैशन शो, फोटोग्राफी प्रतियोगिता और अन्य कई कार्यक्रम भी होंगे, जिनमें स्थानीय प्रतिभाओं को अपनी कला दिखाने का मौका मिलेगा।

प्रतियोगिताओं में जीत सकते हैं एक लाख रुपये तक का पुरस्कार

महोत्सव के दौरान विभिन्न स्थानों पर कई आकर्षक प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इनमें मास्टर शेफ, फोटोग्राफी, पेंटिंग, सोशल मीडिया रील, ग्रुप फैशन शो, मिस्टर एंड मिस टिहरी, राफ्टिंग और रैप सिंगिंग प्रतियोगिता शामिल हैं।

इन प्रतियोगिताओं में प्रतिभागियों को आकर्षक पुरस्कार भी दिए जाएंगे। प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी को एक लाख रुपये तक का पुरस्कार दिया जाएगा, जबकि द्वितीय स्थान पाने वाले को 50 हजार रुपये और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले को 25 हजार रुपये की पुरस्कार राशि दी जाएगी। इसके अलावा 10 प्रतिभागियों को पांच-पांच हजार रुपये के सांत्वना पुरस्कार भी प्रदान किए जाएंगे।

प्रशासन का मानना है कि टिहरी झील महोत्सव से न केवल पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा बल्कि स्थानीय संस्कृति, हस्तशिल्प और उत्पादों को भी नई पहचान मिलेगी। इसके साथ ही स्थानीय युवाओं और कारोबारियों के लिए रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।

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