Bageshwar News: कपकोट के होटल से मिला बारूद का जखीरा, 104 जिलेटिन रॉड्स बरामद; होटल मालिक गिरफ्तार

कपकोट के लीती गांव में पुलिस की कार्रवाई, 15 साल पुरानी विस्फोटक सामग्री मिलने से हड़कंप

बागेश्वर। जिले के कपकोट क्षेत्र के लीती गांव में पुलिस ने एक होटल से भारी मात्रा में विस्फोटक सामग्री बरामद कर सनसनी फैला दी। चेकिंग अभियान के दौरान होटल से 104 जिलेटिन रॉड्स मिलने के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। पुलिस ने होटल स्वामी को मौके से गिरफ्तार कर उसके खिलाफ विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।

पुलिस के अनुसार रविवार देर शाम चौकी प्रभारी शामा सुमित कुमार अपनी टीम के साथ क्षेत्र में नियमित चेकिंग अभियान चला रहे थे। इसी दौरान मुख्य तिराहे के पास स्थित एक होटल की तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान होटल के भीतर से 104 संदिग्ध विस्फोटक की बेलनाकार छड़ें बरामद हुईं। इन छड़ों पर “राज जैल-90, राजस्थान एक्सप्लोसिव केमिकल्स लिमिटेड” अंकित पाया गया।

होटल मालिक पान सिंह गिरफ्तार

पुलिस ने मौके से होटल मालिक पान सिंह (52) निवासी लीती गांव को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वर्ष 2010 से 2012 के बीच क्षेत्र में सड़क निर्माण कार्य चल रहा था, उस समय वह बारूद के गोदाम की देखरेख करता था। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद बची हुई विस्फोटक सामग्री उसने अपने पास रख ली थी, जिसे बाद में होटल में ही छिपाकर रखा गया।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत उच्चाधिकारियों को सूचना दी और जांच शुरू कर दी। साथ ही सड़क निर्माण कार्य से जुड़े ठेकेदार की भी तलाश की जा रही है।

ऊधमसिंह नगर से बुलाई गई बीडीएस टीम

विस्फोटक सामग्री मिलने के बाद सुरक्षा के मद्देनज़र रात करीब 9:20 बजे ऊधमसिंह नगर से बम निरोधक दस्ता (BDS) को मौके पर बुलाया गया। एसआई चंद्रशेखर उपाध्याय के नेतृत्व में पहुंची टीम ने आधुनिक उपकरणों और स्निफर डॉग ‘मौली’ की मदद से होटल और आसपास के क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान चलाया।

प्रारंभिक जांच में बरामद सामग्री को जिलेटिन आधारित बारूद बताया गया है। पुलिस के अनुसार सुरक्षा कारणों से इस विस्फोटक सामग्री को विधिक प्रक्रिया के तहत जल्द ही नष्ट किया जाएगा।

इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा

एसपी बागेश्वर जितेंद्र मेहरा ने बताया कि चेकिंग के दौरान आरोपी के कब्जे से 104 जिलेटिन रॉड्स बरामद हुई हैं। यह विस्फोटक करीब 15 वर्ष पुराना बताया जा रहा है, जिसे आरोपी ने सड़क निर्माण कार्य के दौरान अवैध रूप से अपने पास रखा हुआ था।

आरोपी के खिलाफ विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1908 की धारा 5 और बीएनएस की धारा 288 के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है।

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