देहरादून अर्जुन हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा: 25 दिन पहले रची गई थी साजिश, मां समेत तीन आरोपी शामिल

देहरादून में तिब्बती मार्केट के सामने कारोबारी और टेनिस खिलाड़ी अर्जुन शर्मा की निर्मम हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। करीब 25 दिनों तक लिखी गई इस खौफनाक साजिश की परतें पुलिस जांच में एक-एक कर सामने आई हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह ने प्रेसवार्ता कर पूरे मामले का खुलासा किया।

एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि अर्जुन की हत्या के पीछे पारिवारिक विवाद और आर्थिक लेनदेन मुख्य वजह बने। बलिदानी कोटे से परिवार को मिली गैस एजेंसी के लोन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी विवाद ने धीरे-धीरे एक खौफनाक साजिश का रूप ले लिया।

25 दिन पहले रची गई हत्या की साजिश

पुलिस जांच में सामने आया है कि जनवरी माह में ही अर्जुन की मां बीना शर्मा, उसके करीबी विनोद उनियाल और डॉ. अजय खन्ना ने मिलकर हत्या की योजना बना ली थी। इसके बाद भाड़े के शूटर की तलाश शुरू हुई, जो अंततः विनोद उनियाल के ड्राइवर पंकज राणा तक जा पहुंची।

12 लाख में दी गई सुपारी, भाई को भी किया शामिल

जांच में पता चला कि पंकज राणा ने 12 लाख रुपये में अर्जुन की हत्या की सुपारी ली। वारदात को अंजाम देने के लिए उसने अपने भाई राजीव उर्फ राजू को भी शामिल किया। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, राजीव वर्ष 1997 में अपने सौतेले पिता की हत्या के मामले में जेल जा चुका है और करीब चार-पांच साल की सजा काटकर बाहर आया था।

मां ने खुद की बेटे की रेकी

पुलिस जांच में यह भी चौंकाने वाला तथ्य सामने आया कि अर्जुन की मां बीना शर्मा ने शातिर अंदाज में अपने ही बेटे की रेकी करवाई। उसने अमरदीप गैस एजेंसी के मैनेजर से अर्जुन की दिनचर्या, उसके आने-जाने के समय और ठिकानों की पूरी जानकारी जुटाई।

दरअसल, मां से हुए विवाद के चलते अर्जुन शर्मा अपने परिवार के साथ इंदिरा नगर क्षेत्र में किराये के मकान में रह रहा था। इस वजह से बीना शर्मा को उसकी गतिविधियों की सीधी जानकारी नहीं मिल पा रही थी, जिसे हासिल करने के लिए उसने योजनाबद्ध तरीके से जानकारी जुटाई।

व्हाट्सएप चैट से जुड़े अहम सुराग

विवेचना के दौरान पुलिस को यह भी पता चला है कि घटना से ठीक पहले और हत्या के बाद आरोपी पंकज राणा का विनोद उनियाल से व्हाट्सएप के जरिए लगातार संपर्क बना हुआ था। इन डिजिटल साक्ष्यों ने भी साजिश की पुष्टि की है।

पुलिस का कहना है कि सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। यह हत्याकांड न केवल रिश्तों को शर्मसार करने वाला है, बल्कि यह भी दिखाता है कि लालच और विवाद किस हद तक इंसान को अमानवीय बना सकते हैं।

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