उत्तराखंड मौसम अपडेट: मसूरी में भारी ओलावृष्टि से जनजीवन अस्त-व्यस्त, पहाड़ों में बारिश-बर्फबारी से मिली राहत; कोहरे का यलो अलर्ट जारी

उत्तराखंड। प्रदेश में मौसम का मिजाज लगातार बदल रहा है। मंगलवार को पर्वतीय क्षेत्रों में हुई बारिश और बर्फबारी से जहां ठंड से कुछ राहत महसूस की गई, वहीं मसूरी में अचानक हुई भारी ओलावृष्टि ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया। मौसम विज्ञान केंद्र ने बुधवार से प्रदेश के कई जिलों में घने कोहरे को लेकर यलो अलर्ट जारी किया है।

मौसम विभाग के अनुसार, आज से प्रदेश में कोहरा लोगों की परेशानी बढ़ा सकता है। विशेष रूप से Dehradun, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर, पौड़ी और नैनीताल जिलों के कुछ हिस्सों में सुबह के समय घना कोहरा छाए रहने की चेतावनी दी गई है। इसके चलते वाहन चालकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

तापमान में बढ़ोतरी, ठंड का असर कुछ कम

मंगलवार को पर्वतीय इलाकों में बारिश-बर्फबारी का असर मैदानी क्षेत्रों में भी देखने को मिला। दिनभर आंशिक रूप से बादल छाए रहे, लेकिन चटक धूप निकलने से ठंड का असर कुछ कम हुआ। दून का अधिकतम तापमान सामान्य से दो डिग्री अधिक 23.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान भी सामान्य से करीब तीन डिग्री बढ़कर 11.2 डिग्री सेल्सियस रहा। प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी तापमान लगभग इसी के आसपास दर्ज किया गया।

चार और पांच फरवरी को शुष्क रहेगा मौसम

मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के अनुसार, चार और पांच फरवरी को प्रदेशभर में मौसम शुष्क रहने की संभावना है। हालांकि छह फरवरी को एक बार फिर पर्वतीय इलाकों में बारिश और बर्फबारी हो सकती है, जिससे ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ठंड बढ़ने की आशंका है।

मसूरी में आधे घंटे की ओलावृष्टि, सफेद चादर में ढका शहर

मंगलवार को Mussoorie में करीब आधे घंटे तक हुई भारी ओलावृष्टि से पूरा शहर बर्फ जैसी सफेद चादर में ढक गया। सड़कों पर फिसलन बढ़ने से वाहनों के पहिये थम गए और कई मार्गों पर लंबा जाम लग गया। दोपहिया वाहनों को धक्का मारकर निकालना पड़ा। ओलावृष्टि के चलते शहर में कड़ाके की ठंड फिर से बढ़ गई।

सबसे अधिक ओले लालटिब्बा और मसराना क्षेत्र में पड़े। फिसलन के कारण मसराना इलाके में करीब डेढ़ किलोमीटर लंबा जाम लग गया, जिससे उत्तरकाशी, टिहरी और धनोल्टी जाने वाले पर्यटकों व स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

पर्यटकों और स्थानीय लोगों को हुई दिक्कत

धनोल्टी निवासी कुलदीप नेगी ने बताया कि दून से मसूरी होते हुए धनोल्टी जाते समय मसराना के पास जाम में काफी देर तक फंसे रहना पड़ा। सड़क पर फिसलन इतनी ज्यादा थी कि वाहन बेहद संभलकर चलाने पड़े। कई लोगों ने अपने वाहनों को धक्का मारकर आगे बढ़ाने की कोशिश की। वहीं स्थानीय निवासी धर्मपाल पंवार और आशुतोष कोठारी ने बताया कि ओलावृष्टि के बाद शहर में एक बार फिर कड़ाके की ठंड बढ़ गई है और लोग घरों में दुबकने को मजबूर हैं।

मौसम विभाग ने आगामी दिनों में कोहरे और बदलते मौसम को देखते हुए लोगों से सतर्क रहने और आवश्यक सावधानी बरतने की अपील की है।

Previous articleउत्तराखंड में मदरसा बोर्ड होगा समाप्त, राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण का गठन
Next articleउत्तराखंड विधानसभा चुनाव 2027: महिला कांग्रेस दस सीटों पर टिकट का करेगी दावा, राजनीति में महिलाओं के संघर्ष पर बोलीं ज्योति रौतेला