Haridwar Kumbh 2021: अखाड़ों के लिए तैयार हो रहा पेशवाई मार्ग, रोशन रहेगा हरकी पैड़ी क्षेत्र; होंगे चार शाही स्नान

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 कुंभ मेले को दिव्य और भव्य बनाने के लिए मेला प्रशासन तैयारियों में जुटा है। अखाड़े हरकी पैड़ी ब्रह्मकुंड पर स्नान करेंगे। लिहाजा हरकी पैड़ी से लेकर पूरी कुंभनगरी का कायाकल्प किया जा रहा है। हरकी पैड़ी क्षेत्र सोलर पावर आधारित एलईडी लाइट से जगमग रहेगा। पूरे मेला क्षेत्र को भव्य रूप देने के लिए आकर्षक रंगों से सजाया जा रहा है। सभी अखाड़ों को मुख्यमंत्री राहत कोष से कोठार, भंडार, शौचालय निर्माण समेत अन्य कार्यों के लिए एक-एक करोड़ रुपये मुहैया कराए गए हैं। पेशवाई मार्ग तैयार किया जा रहा है। धर्मध्वजा के लिए अखाड़ों को जल्द लकड़ी मुहैया कराई जाएगी, जबकि अखाड़ों के लिए टेंट, तंबू लगाने पर भी विचार विमर्श चल रहा है।

अपर मेलाधिकारी हरबीर सिंह ने बताया कि फ्लाईओवर बनने से पेशवाई में शामिल ऊंची पताकाओं, हाथी-घोड़े, रथ आदि के आने-जाने में कोई व्यवधान न हो इसके लिए उनकी अध्यक्षता में तीन सदस्यीय कमेटी समाधान को विकल्प तलाश रही है। अखाड़ों और अखाड़ा परिषद से बातचीत कर सर्वमान्य हल जल्द निकाला जाएगा। कनखल शंकराचार्य चौक से अटल अखाड़ा, महानिर्वाणी अखाड़ा, बड़ा अखाड़ा, नया अखाड़ा आदि पेशवाई और शाही जुलूस निकालते हैं। हालांकि, अन्य अखाड़े बाकी जगहों से पेशवाई और शाही स्नान को जुलूस निकालते हैं।

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48 दिन है कुंभ मेला काल

मेष राशि में सूर्य और कुंभ राशि में गुरु के आने के संयोग पर हरिद्वार में कुंभ का आयोजन होता है। ग्रहों की चाल के चलते यह कुंभ 12 वर्ष के बजाए 11 वें वर्ष में पड़ रहा है। कुंभ मेलाकाल भी 48 दिन ही है। बृहस्पति और सूर्य के संयोग से बने कुंभ पर कुल चार शाही स्नान होंगे। इन स्नानों पर 13 अखाड़ों से जुड़े सभी संत आस्था की डुबकी लगाने ब्रह्मकुंड पहुंचेंगे।

कुंभ में होंगे चार शाही स्नान 

11 मार्च: महाशिवरात्रि

12 अप्रैल: सोमवती अमावस्या

14 अप्रैल: बैशाख पूर्णिमा

27 अप्रैल: चैत्र पूर्णिमा

छह पर्व स्नान की तिथियां

14 जनवरी: मकर संक्राति

11 फरवरी: मौनी अमावस्या

16 फरवरी: बसंत पंचमी

27 फरवरी: माघ पूर्णिमा

13 अप्रैल: चैत्र शुक्ल प्रतिपदा