16 साल बाद आज विश्व कप में आमने-सामने होंगे भारत-न्यूजीलैंड

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चोटिल शिखर धवन की अनुपस्थिति में भारतीय टीम की वैकल्पिक व्यवस्था की गुरूवार को होने वाले विश्व कप मैच में न्यूजीलैंड के दमदार आक्रमण के सामने कड़ी परीक्षा होगी लेकिन यह लगातार खराब चल रहे मौसम के रुख बदलने पर ही संभव हो पाएगा। दोनों टीमों के बीच विश्व कप में 16 साल बाद टक्कर होगी। इससे पहले दोनों टीमों का आमना-सामना 2003 में हुआ था। इंग्लैंड में चल रही बेमौसम की बरसात का साया भारत और न्यूजीलैंड के मैच पर मंडरा रहा है और ऐसे में इसके ओवरों में कटौती संभव है। ऐसी स्थिति में खेल होने पर कीवी टीम का तेज गेंदबाजी आक्रमण भारत की सलामी जोड़ी के लिए मुश्किलें पैदा कर सकता है।

रोहित के साथ राहुल कर सकते हैं ओपनिंग

धवन की अनुपस्थिति में रोहित शर्मा के साथ लोकेश राहुल पारी का आगाज करने के लिए उतर सकते हैं। धवन का बायें हाथ के अंगूठे में फ्रेक्चर के कारण अगले तीन मैचों में खेलना संदिग्ध है। इससे विराट कोहली और रवि शास्त्री को दक्षिण अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पहले दो मैचों में अच्छे प्रदर्शन के बावजूद अपनी रणनीति में बदलाव करना होगा।

रोहित और धवन ने मिलकर सलामी जोड़ी के रूप में 4681 रन बनाए हैं और ऐसे में टीम को बाएं हाथ के बल्लेबाज की कमी खलेगी। इस तरह की परिस्थितियों में पारी का आगाज करना हालांकि आसान नहीं होगा लेकिन राहुल मौके का फायदा उठाने के लिए प्रतिबद्ध होंगे। उनके सामने दूसरे छोर पर खड़े रोहित शर्मा का उदाहरण होगा जिन्होंने पहले दो मैचों में शतक और अर्द्धशतक जमाया।

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प्लान बी की आजमाइश का समय

धवन की चोट से मुश्किलें हुई हैं लेकिन उसके कुछ सकारात्मक पहलू भी हैं। इससे पहले भारत को यह पता करने का मौका मिलेगा कि उसका ‘प्लान बी’ कितना कारगर है। राहुल के शीर्ष क्रम में आने का मतलब है कि विजय शंकर और दिनेश कार्तिक में से किसी को नंबर चार पर उतारा जाएगा। शंकर में ऑलराउंड क्षमता है तो कार्तिक अनुभवी हैं।

काले घने बादल और नमी वाली परिस्थितियों को देखते हुए मोहम्मद शमी को भी कलाई के किसी स्पिनर के बदले अंतिम एकादश में रखा जा सकता है। अगर शंकर और कार्तिक दोनों को अंतिम एकादश में जगह मिलती है तो केदार जाधव को बाहर बैठना होगा। टीम में इस तरह के बदलाव के लिए इससे आदर्श समय नहीं हो सकता है। टूर्नामेंट का अभी केवल दूसरा सप्ताह है तथा बृहस्पतिवार को उछाल वाले लेकिन बल्लेबाजी के लिए अनुकूल विकेट पर मैच होगा।

बोल्ट हो सकते हैं घातक

न्यूजीलैंड के तेज गेंदबाज ट्रेंट बोल्ट इन हालात में घातक साबित हो सकते हैं। हालांकि उनकी गेंदबाजी शैली परिस्थितियों पर निर्भर नहीं रहती है। ओवल में अभ्यास मैच में भारतीय बल्लेबाजों को परेशानी में डाला था। अन्य तूफानी गेंदबाज लॉकी फर्ग्यूसन भी ट्रेंटब्रिज के विकेट से खुश है जिससे उछाल मिल सकती है।

वेस्टइंडीज ने पाकिस्तान और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ इस उछाल का ही फायदा उठाया था। न्यूजीलैंड ने अब तक अपने तीनों मैच जीते हैं और उसकी टीम आत्मविश्वास से भरी है। वह अपना विजय अभियान जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं। रिकॉर्ड के लिए बता दें कि इन दोनों टीमों के बीच इंग्लैंड की सरजमीं पर विश्व कप में अब तक जो तीन मैच खेले गए हैं उन सभी में कीवी टीम विजयी रही है। कोहली की टीम के लिए उसके इस विजय अभियान पर रोक लगाने की भी चुनौती होगी।

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